रायपुर: रायपुर जिला के तिल्दा विकासखंड के ग्राम बहेसर और तुलसी मार्ग के बीच की दूरी को कम करने वाली नई सड़क के भूमिपूजन अवसर पर राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने क्षेत्र के सर्वांगीण विकास और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य को लेकर अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि जीवन में संघर्ष से मिली सफलता ही इतिहास रचती है। एक साधारण परिवार या मजदूर का बच्चा जब मेहनत के बल पर आईएएस या आईपीएस बनता है, तो वह पूरे समाज के लिए प्रेरणा बन जाता है। उन्होंने युवाओं से महापुरुषों के विचारों से सीख लेते हुए बिना किसी नकारात्मक प्रतिस्पर्धा के एक-दूसरे के सहयोग से आगे बढ़ने का आह्वान किया।
42 लाख रुपए के विभिन्न विकास कार्यों की हुई घोषणा
मंत्री श्री वर्मा ने क्षेत्रीय जनभावनाओं और बुनियादी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए मंत्री ने कई महत्वपूर्ण निर्माण कार्यों की सौगात दी। जिसमें बहेसर में साइकिल स्टैंड निर्माण के लिए 5 लाख रुपये, रंगमंच के समीप ज्योति कलश हेतु 5 लाख रुपये और रघुनंदन वर्मा के घर से मुख्य मार्ग तक सीसी रोड निर्माण के लिए 5 लाख रुपये की घोषणा शामिल है। इसके साथ ही शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से बहेसर के प्राथमिक शाला में दो नए कमरों के निर्माण के लिए 10 लाख रुपये तथा जर्जर हो चुके पूर्व माध्यमिक शाला भवन के पुनर्निर्माण हेतु 10 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की। उन्होंने विश्वास जताया कि ये सभी कार्य क्षेत्र के विकास को एक नई दिशा देंगे।
ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों से पूरे प्रदेश का कायाकल्प हो रहा है
मंत्री श्री वर्मा ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में करोड़ों रुपये के विकास कार्यों से पूरे प्रदेश का कायाकल्प हो रहा है। छत्तीसगढ़ निरंतर विकास की ओर अग्रसर हो रहा है। उन्होंने अपने राजनीतिक और सार्वजनिक जीवन के सफर को याद करते हुए कहा कि उन्होंने एक प्राथमिक शाला के शिक्षक के रूप में अपनी सेवा की शुरुआत की थी। उनका उद्देश्य सत्ता, पैसा या रुतबा हासिल करना कभी नहीं रहा, बल्कि बलौदाबाजार विधानसभा क्षेत्र में ऐसे ऐतिहासिक कार्य करना है जिन्हें हमेशा याद रखा जाए। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मूल मंत्र पर काम कर रही है। किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी, महतारी वंदन योजना के तहत 70 लाख महिलाओं को आर्थिक संबल देने का कार्य कर रही है।